Manners And Advice Shayari | शिष्टाचार और सीख

शिष्टाचार और सीख पर शायरी ( Manners And Advice Shayari ):



काम-


Manners And advice Shayari
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अपना काम ऐसे होना चाहिए 
उससे कोई भी, नाखुश होकर नहीं जाना चाहिए।
♢♢♢



सबर-


समय को भी समय देना पडता है,
कुछ पाने के लिए थोड़ा सबर भी रखना पड़ता है।

♢♢♢




गलत और सही शख्स-


लफ्जों की कीमत नहीं होती
जब आप किसी
गलत शख्स से बात करते हो
वहाँ खामोशी भी पढी जाती है
जब आप किसी
सही शख्स के साथ होते हो
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काम-


Manners And advice Shayari
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दिल लगाकर करो तो कोई भी काम बूरा नहीं,
अगर ईमानदारी से करो तो कोई भी काम छोटा नहीं।
♢♢♢




मुसीबत में डाल सकता है-


हर बात से बेखबर रहना,
सोचकर फैसला ना लेना,
आपको एक बहुत बड़ी
मुसीबत में डाल सकता है,
सही वक्त पर सही काम ना करना।
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हर काम वक्त में करो-


Manners And advice Shayari
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जब सामने आएं तब करो,
जब याद आए तब करो।
भूल जाने का सवाल नहीं,
हर काम वक्त में करो।
♢♢♢



काम-



कुछ लोग काम तेजी से करते नहीं,
पर वो रुकते भी नहीं,

उतने होशीयार  तो नहीं होते,

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